काली मिर्च के फायदे

आइए जानते हैं काली मिर्च के फायदे और नुकसान काली मिर्च एक ऐसा मसाला है जो हमारी रसोई घर में बहुत बहुत आसानी से मिल जाता है। यह बहुत ही गुणकारी और लाभदायक घरेलू औषधि है। आप भी इसका प्रयोग करके अपने स्वास्थ्य के लिए लाभ उठा सकते हो। क्योंकि स्वास्थ्य ही सबसे बड़ा अमूल्य धन है।


काली मिर्च के नाम:----

वैज्ञानिक नाम: पाइपर निग्रेम एल
कुल: पिपेरेसी
सामान्‍य नाम: काली मिर्च
संस्‍कृत नाम: मरिच उष्‍ण

काली मिर्च हमारी रसोई घर के
गरम मसालों में इस्तेमाल की जाने वाली एक बहुत ही महत्वपूर्ण औषधि है। काली मिर्च जिसे ‘क्वीन ऑफ स्पाइस’ भी कहा जाता है, वह कई औषधियों से भी भरपूर है। खाने में स्वाद बढ़ाने वाली काली मिर्च को कई तरह की सब्जियों में डालकर और सलाद पर छिडक कर खाया जाता है, लेकिन इसके औषधीय गुण बहुत जयादा भरपूर और औषधि वाले गुणों से भरपूर है। इसमें कैल्शियम, फास्फोरस, आयरन, कैरोटिन के अलावा और भी कई पोषक तत्व पाए जाते है। काली मिर्च में पेपराइन नामक रसायन होता है। इसी के कारण तीखा स्वाद आता है। पेपराइन पाचन सुधारता है।
 
काली मिर्च के फायदे:------

आयुर्वेद के अनुसार काली मिर्च को खाने से सिर्फ 7 दिनों में ही कई रोग ठीक किए जा सकते हैं, लेकिन इसका फायदा खाली पेट खाने से अधिक होता है। काली मिर्च की तासीर गर्म होने की वजह से इसका इस्तेमाल ज्यादातर सर्दियों के मौसम में किया जाता है, लेकिन चमत्कारी गुणों के कारण इसका उपयोग कभी भी किया जा सकता है। तो आइए जानते हैं कि काली मिर्च कौन सी बीमारियों को साधा जा सकता है।
 
सर्दी जुकाम में लाभदायक :-----

काली मिर्च की तासीर गर्म होने की वजह से इसके सेवन से सर्दी-जुकाम की समस्या जल्दी दूर हो जाती है। चाय में काली मिर्च डालकर पीने से भी सर्दी जल्दी ठीक होती है। साथ ही चाय भी जायकेदार हो जाती है।
 
एसिडिटी और गैस की समस्या से छुटकारा:-------

जिन लोगों को अधिकतर गैस और एसिडिटी की समस्या होती है उन्हे नींबू के रस में काला नमक और काली मिर्च मिलाकर आधा चम्मच खाने से आराम मिलता है।
 
दांत और मसूड़ों की समस्या का इलाज:------

काली मिर्च से मसूड़ों के दर्द की समस्या दूर हो जाती है, इसके लिए काली मिर्च, माजूफल और सेंधा नमक को बराबर मात्रा में मिलाकर चूर्ण बना लें और इसमें कुछ बूंद सरसों के तेल की मिलाकर इस चूर्ण को दांत और मसूड़ों में लगाएं और आधे घंटे बाद धो लें, इससे दांत और मसूड़ों के दर्द की समस्या में राहत मिलेगी।
 
पेट के कीड़े के लिए लाभदायक:-----

पेट में कीड़ों की समस्या होगी दूर
काली मिर्च का इस्तेमाल पेट के कीड़ों को दूर करने का एक बेहतर इलाज है। पेट में कीड़ों की समस्या को दूर करने के लिए काली मिर्च के पाउडर के साथ किश्मिश खाने से पेट के कीड़े दूर हो जाते हैं।

डिप्रेशन दुर करने के लिए:----- 

काली मिर्च के सेवन करने से
हमारा तनाव दूर करने में भी सहायक होती है, क्योंकि इसमें पिपराइन और एंटीडिप्रेसेंट के गुण होते हैं। जिन लोगों को डिप्रेशन की समस्या है, उनके लिए काली मिर्च काफी लाभकारी होती है।

कैंसर के बचाव के लिए:----- 

कैंसर से बचाने में सहायक
काली मिर्च में विटामिन सी, विटामिन ए, फ्लेवोनॉयड और एंटीऑक्सीडेंट के साथ और भी कई तत्व मौजूद होते हैं, जो कैंसर से लड़ने में मददगार होते हैं। काली मिर्च के सेवन से महिलाओं में ब्रेस्ट कैंसर का खतरा भी कम होता है।
 
वजन कम करने के लिए:-------

वजन कम करने का कारगर इलाज
रोज सुबह गर्म पानी में काली मिर्च, हल्दी, अदरक और नींबू का रस मिलाकर पीने से शरीर का मेटाबॉलिज्म बढ़ता है, जो वजन कम करने में सहायक होता है हाल ही में हुए शोध से पता चला है कि काली मिर्च के साथ हल्दी का सेवन काफी लाभप्रद होता है क्योंकि हल्दी में करक्यूमिन नामक तत्व होता है, जो कई बीमारियों से बचाने में मदद करता है। काली मिर्च में मौजूद पिपराइन करक्यूमिन के लिए उत्प्रेरक का काम करता है।


पेट गैस के लिए:-------

यदि आपका पेट प्रायः गैस का शिकार बनता रहता है तो मिर्च पाउडर या मिर्च के बजाय काली मिर्च की मदद से अपने भोजन को लजीज व मसालेदार बनाये। यह गैस के गठन को रोकने का सबसे सरल उपाय है। अपच और पेट में भारीपन का इलाज करने के लिए, काली मिर्च और जीरा पाउडर प्रत्येक का एक तिहाई चम्मच को एक गिलास छाछ में मिलाकर पियें।


सर्दी जुकाम के लिए:------
क्योंकि काली मिर्च कफ को कम करने में सहायक है, काली मिर्च का उपयोग भरी हुई नाक और कंजेशन को साफ करने के लिए किया जा सकता है। काली मिर्च में रोगाणुरोधी गुण भी मौजूद होते हैं और यही वजह है कि काली मिर्च खांसी और सर्दी-जुकाम के उपचारों में व्यापक रूप से इस्तेमाल की जाती है। काली मिर्च में मौजूद पपीरिन अपने एंटी-इंफ्लेमेटरी और एंटी-गठिया गुणों के कारण, गठिया के इलाज के लिए बेहद फायदेमंद है।

गठिया रोग के लिए:------

काली मिर्च का तेल त्वचा पर लगाने से यह त्वचा को गर्माहट देता है, जो आपके रक्त परिसंचरण में मदद करता है। इसका उपयोग गठिया से पीड़ित लोग दर्द से छुटकारा पाने के लिए कर सकते हैं।  यह गठिया से पीड़ित लोगों के शरीर से यूरिक एसिड जैसे विषाक्त पदार्थों को हटाने में भी मदद करती है, जो बहुत हानिकारक होते हैं। शोधकर्ताओं ने यह भी पाया है कि काली मिर्च दर्द और गठिया के लक्षणों की धारणा को कम करने में मदद करती है।

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